
न्यूज़ खबर इंडिया संवाददाता
जौनपुर। खरीफ सीजन में किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध कराने और खाद की कालाबाजारी पर रोक लगाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने सख्त अभियान शुरू कर दिया है। जिलाधिकारी के निर्देश पर शुक्रवार को कृषि विभाग की टीमों ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों में साधन सहकारी समितियों और निजी उर्वरक दुकानों पर औचक छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान गंभीर अनियमितताएं मिलने पर एक उर्वरक दुकान का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया, जबकि तीन दुकानों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया जिला कृषि अधिकारी विनय सिंह के नेतृत्व में मछलीशहर, पवारा, मुंगराबादशाहपुर, मधुपुर और सुजानगंज क्षेत्र में उर्वरक विक्रेताओं के स्टॉक, बिक्री रजिस्टर, वितरण व्यवस्था और अभिलेखों का गहन सत्यापन किया गया। जांच के दौरान पवारा थाना क्षेत्र के ग्राम गौहानी स्थित किसान बीज भंडार में गंभीर अनियमितताएं मिलने पर उसका लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया।
इसके अलावा पंजाब बीज भंडार (सुजानगंज), पटेल खाद एवं बीज भंडार (चका चौराहा, गोविंदसपुर) तथा मौर्या बीज भंडार (नागौली, सुजानगंज) में रिकॉर्ड और वितरण व्यवस्था में कमियां पाए जाने पर संबंधित संचालकों को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए निर्धारित समय सीमा में स्पष्टीकरण मांगा गया है। विभाग ने चेतावनी दी है कि संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर लाइसेंस निलंबन सहित अन्य कठोर कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, मुंगराबादशाहपुर क्षेत्र की साधन सहकारी समिति गोरियाडीह का निरीक्षण संतोषजनक पाया गया। यहां किसानों को निर्धारित दर पर उर्वरक का वितरण होता मिला। अधिकारियों ने स्टॉक का भौतिक सत्यापन, वितरण रजिस्टर का मिलान तथा किसानों से बातचीत कर खाद की उपलब्धता की जानकारी ली जिला कृषि अधिकारी विनय सिंह ने कहा कि किसानों को समय पर और निर्धारित मूल्य पर उर्वरक उपलब्ध कराना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। जमाखोरी, कालाबाजारी, ओवररेटिंग अथवा नियमों के उल्लंघन की शिकायत मिलने पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी लाइसेंसधारी उर्वरक विक्रेताओं को स्टॉक एवं बिक्री का रिकॉर्ड नियमित रूप से अद्यतन रखने और किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा न होने देने के निर्देश दिए छापेमारी अभियान में अपर जिला कृषि अधिकारी रविंद्र पाल, इफको प्रतिनिधि अजीत यादव सहित कृषि विभाग की टीम मौजूद रही।




