
न्यूज़ खबर इंडिया संवाददाता
जौनपुर। उत्सव मोटल में आयोजित प्रेस वार्ता में भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत प्रजापति ने कांग्रेस और विपक्षी दलों द्वारा चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर उठाए जा रहे सवालों को लेकर प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को अपनी राजनीतिक एवं संगठनात्मक कमजोरियों पर आत्ममंथन करना चाहिए और संवैधानिक संस्थाओं को राजनीतिक मुद्दा बनाकर जनता के बीच भ्रम पैदा करने से बचना चाहिए अजीत प्रजापति ने आरोप लगाया कि चुनावों में अपेक्षित सफलता नहीं मिलने पर कांग्रेस और विपक्षी दल लगातार चुनाव आयोग तथा अन्य संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाते हैं। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में चुनाव परिणामों और संवैधानिक संस्थाओं का सम्मान किया जाना चाहिए।
चुनाव आयोग की स्पष्टता का दिया हवाला
भाजपा जिलाध्यक्ष ने चुनाव आयोग के हालिया स्पष्टीकरण का हवाला देते हुए कहा कि एसआईआर समेत विभिन्न मुद्दों को लेकर विपक्ष द्वारा उठाए गए सवालों पर आयोग ने अपना पक्ष स्पष्ट किया है। उन्होंने कहा कि कैबिनेट सेक्रेटरी को भेजे गए पत्र को लेकर जिस तरह की चर्चाएं सामने आईं, आयोग के अनुसार वह किसी नीतिगत निर्णय या एसआईआर से संबंधित नहीं था, बल्कि प्रतिनियुक्ति पर आए एक अधिकारी की प्रशासनिक कार्यप्रणाली से जुड़ा आंतरिक मामला था उन्होंने फॉर्म-6 को लेकर भी विपक्ष पर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया और कहा कि चुनाव आयोग मतदाताओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न स्तरों पर काम कर रहा है।
अजीत प्रजापति ने कहा कि कांग्रेस और विपक्षी दलों को चुनावी प्रक्रिया से जुड़े आरोपों को तथ्यों और प्रमाणों के आधार पर उठाना चाहिए। उन्होंने ईवीएम, चुनाव आयोग और अन्य संवैधानिक संस्थाओं को लेकर कांग्रेस नेताओं द्वारा पूर्व में दिए गए बयानों का भी उल्लेख किया उन्होंने राहुल गांधी के राफेल, ईवीएम और अन्य मुद्दों से जुड़े बयानों का जिक्र करते हुए कांग्रेस से संवैधानिक संस्थाओं पर लगाए जाने वाले आरोपों के संबंध में तथ्यात्मक आधार रखने की मांग की प्रेस वार्ता में राज्यसभा सांसद सीमा द्विवेदी, लोकसभा प्रत्याशी कृपा शंकर सिंह, पीयूष गुप्ता, अजय सिंह, जिला मीडिया प्रभारी आमोद सिंह और प्रद्युम्न तिवारी सहित अन्य लोग मौजूद रहे।




