
न्यूज़ खबर इंडिया संवाददाता अर्पिता
केराकत /जौनपुर। केराकत कोतवाली क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां संदिग्ध परिस्थितियों में लापता युवक का शव नदी से बरामद होने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया।
मृतक की पहचान नालापर स्थित नावघाट मोहल्ला निवासी बंगाली निषाद के रूप में हुई है, जो इलेक्ट्रॉनिक वायरिंग का काम करते थे। परिजनों के मुताबिक 6 मई की रात करीब 9:30 बजे मोहल्ले के ही दो लोग बंगाली निषाद को काली मंदिर के पास स्थित पान की दुकान से अपने साथ लेकर गए थे।
देर रात तक घर वापस न लौटने पर परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की। इसी दौरान सीसीटीवी फुटेज में रात 9:38 बजे बंगाली निषाद दोनों लोगों के साथ जाते हुए दिखाई दिए, जिसके बाद परिवार ने पुलिस को तहरीर देकर अनहोनी की आशंका जताई।
शिकायत मिलने पर पुलिस ने दोनों नामजद लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। पूछताछ में एक आरोपी साहब लाल निषाद ने बताया कि वह और बंगाली निषाद नदी किनारे बैठे थे, तभी संतुलन बिगड़ने से बंगाली निषाद नदी में गिर गए। आरोपी के अनुसार उसने उन्हें बचाने और खोजने की कोशिश की, लेकिन सफलता न मिलने पर वह घर लौट गया।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर गोताखोरों की मदद से नदी में सर्च ऑपरेशन चलाया। कुछ देर बाद बंगाली निषाद का शव नदी से बरामद कर लिया गया। घटना के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है, वहीं बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर जुट गए।
मामले में इंस्पेक्टर अरविंद कुमार पांडे ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और विभिन्न बिंदुओं पर जांच जारी है।
फिलहाल सवाल यह है कि यह महज हादसा है या इसके पीछे कोई और साजिश? पुलिस हर पहलू की जांच में जुटी हुई है।




